*नवरात्रि पर सजी उत्सव की महफिल,गरबा की थाप पर झूमा रायगढ़*एसएसपी दंपति ने बढ़ाई डांडिया खेल मे रौनक*रोटरी रॉयल का गरबा उत्सव बना शहर की सामाजिक एकजुटता का उत्सव,शानदार आयोजन और अनुशासित प्रबंधन ने जीता दिल
रायगढ़ जब परंपरा की थाप पर शहर थिरकता है,तो उत्सव महज मनोरंजन नहीं,आपसी जुड़ाव का उत्सव बन जाता है। नगर के श्रेष्ठा होटल में रोटरी क्लब ऑफ रायगढ़ रॉयल का गरबा एवं डांडिया महोत्सव कुछ ऐसा ही यादगार आयोजन रहा,जहां नवरात्रि की उमंग,रंग-बिरंगे परिधान और डांडिया की खनक ने माहौल को उत्सवी बना दिया। नगर के एसएसपी शशि मोहन सिंह सपत्नीक शामिल हुए,डांडिया खेलकर उत्सव का आनंद लिया और आयोजन की व्यवस्था एवं प्रबंधन की मुक्तकंठ से सराहना की।नेतृत्व ऐसा,जो आयोजन को अनुभव बना दे*रोटरी रॉयल के प्रमुख आयोजनों को विशिष्ट पहचान दिलाने वाले सुशील रामदास की अगुवाई इस आयोजन की खासियत रही। उनकी संगठन क्षमता,अनुभव और लोगों को साथ लेकर चलने की शैली ने कार्यक्रम को केवल एक सांस्कृतिक शाम नहीं,बल्कि शहरवासियों के मेल-मिलाप का अवसर बना दिया। सुशील रामदास की कार्यशैली की खासियत यह है कि वे आयोजनों को केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं रखते, बल्कि उन्हें सामाजिक सहभागिता से जोड़ते हैं। इस कार्यक्रम में रोटरी रॉयल के पदाधिकारियों और सदस्यों ने कंधे से कंधा मिलाकर आयोजन को खास बनाया।संगीत,पारंपरिक परिधानों और गरबा-डांडिया की रंगत ने माहौल को जीवंत कर दिया। विभिन्न वर्गों की उत्साहपूर्ण भागीदारी ने आयोजन को सामाजिक मेल-मिलाप का खूबसूरत मंच बना दिया।सामाजिक सरोकारों से जुड़ी है पहचान*सुशील रामदास की सक्रियता उत्सवों के आयोजन से आगे सामाजिक जिम्मेदारियों तक फैली है। कोरोना काल में जरूरतमंदों के लिए भोजन व्यवस्था,रामदास द्रौपदी फाउंडेशन के माध्यम से बृहद वृक्षारोपण,कमजोर वर्गों को सहयोग और जरूरतमंदों के साथ खड़े रहने जैसे प्रयास उनकी सामाजिक प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं। यही वजह है कि उनके नेतृत्व में होने वाले आयोजनों में मनोरंजन के साथ सहभागिता और सामुदायिक जुड़ाव की भावना भी दिखाई देती है।कहते हैं—मैं अकेला ही चला था जानिब-ए-मंजिल मगर,लोग साथ जुड़ते गए और कारवां बनता गया।रोटरी रॉयल की यह शाम इसी सोच का खूबसूरत प्रतिबिंब बनी। एसएसपी दंपति की सहभागिता,रोटरी राॅयल के उर्जावान पदाधिकारी और सदस्यों का समर्पण एवं शहरवासियों का उत्साह-तीनों ने मिलकर नवरात्रि की विदाई को यादगार बना दिया।